लव स्टोरी

 

सुबह सपूत ने पूछा – मैं दूध ले आऊँ दुकान से???

ले आओ..

साथ में क्रेक्स (चिप्स) भी ले आऊँ??

ले आओ..

जब स्कूल जाने लगा तो देखा की क्रेक्स बैग में रख रहा है| मेरे पूछने से पहले ही बोला – स्कूल में खाऊंगा..

अगले दिन सुबह फिर से दूध लेने चला गया और साथ में क्रेक्स भी ले आया और ले गया स्कूल बैग में..

बेटा ये रोज रोज क्रेक्स नहीं ले जाते है स्कूल..

मुझे अच्छा लगता है ना.. और उसने चुपचाप क्रेक्स बैग में रख लिया|

उसी शाम जब वापस आया तो बिस्तर पर छोटी सी खिलौना कार, लगभग अंगूठे जितनी बड़ी रखी हुई थी| (क्रेक्स के पैकेट में ऐसे खिलौने आते है) मैंने सपूत से पूछा की तुम रोज रोज इस कार के चक्कर में क्रेक्स लाते हो???

नहीं..

फिर??

वो न मोनिष्का को क्रेक्स अच्छा लगता है, तो मैं उसे क्रेक्स दे देता हूँ, और टॉय खुद रख लेता हूँ..

मोनिष्का????

मेरी न फ्रेंड है वो..

मैं मुस्कुरा दिया.. बोला बेटा राजस्थान में पैदा हुए हो.. कुछ तो मारवाड़ी गुण सीखो, पैसे नहीं उड़ाते ऐसे..

कहने को कह दिया पर ४.५ साल का बच्चा है, क्या जाने मारवाड़ी, और क्या जाने पैसे, उसे तो बस फ्रेंड को खिलाना था..

एक दिन शाम को उदास था, मैंने पूछा क्या हुआ??

मैं आरुष जैन से गुस्सा हूँ…

क्यों?

वो ना मुझे बिस्कुट नहीं देता..

फिर किसको देता है??

मोनिष्का को..

ओहो.. तो आप इस बात पर गुस्सा हो की आपको बिस्कुट नहीं देता या इस बात पर की मोनिष्का को देता है?

मुझे नहीं देता इसलिए…

आप उसे चिप्स देते हो?

नहीं..

क्यों? फिर तो आपको गुस्सा नहीं होना चाहिए ना, आप भी नहीं देते तो वो भी नहीं देता..

तभी देखा की क्रेक्स का पैकेट भी बिना खुला हुआ था तो मैंने पूछा आज तुमने मोनिष्का को नहीं खिलाया???

नहीं, आरुष जैन आज मेरे से पहले बस में घुस गया और मोनिष्का के पास बैठ गया|

तो तुम उसे चिप्स तो दे देते..

उसने नहीं लिया, वो आरुष के साथ बैठ के बिस्कुट खा रही थी..

ओहो.. तो क्लास में वो किसके पास बैठती है वो??

मुझे नहीं पता..

क्यों?? तुम्हारी क्लास में पढ़ती है और किसके पास बैठती है तुम्हे नहीं पता??

अरे वो मेरी क्लास में नहीं पढ़ती, वो तो दूसरी क्लास में पढ़ती है, वो तो मेरे साथ बस में जाती है..

ओ बेटे.. कौन सी क्लास में? के.जी. (बी) में? [ये के.जी. (ए) में है]

अरे नहीं ना, बोला न.. दूसरी क्लास में .. सेकंड में, सेकंड क्लास में..

बेटा फिर तो वो आपसे बड़ी है न, आपको उसे मोनिष्का नहीं बोलना चाहिए, आपको उसे दीदी बोलना चाहिए..

अरे नहीं पापा, इतनी बड़ी भी नहीं है, थोड़ी सी ही बड़ी है..

अगले दिन डिमांड थी की मम्मी मुझे बिस्कुट दे दो, स्कूल में खाऊंगा.. मम्मी ने प्यार से बिस्कुट डे दिए.. जब मैं उसे बस में छोड़ कर आया तो मैंने उसकी माँ को सारी कहानी बताई.. क्रेक्स से लेकर बिस्कुट तक और बस में बैठने से दीदी बोलने तक..

अगले दिन फिर जब बिस्कुट ले जाने लगा तो मम्मी ने इसे डांट दिया, कहा जितना बिस्कुट खाना है, यहीं खाओ, स्कूल नहीं ले जाना..

जैसे ही वो वापस किचन में गयी, साहब ने फटाफट बिस्कुट का पैकेट बैग में छुपा लिया..

दो-तीन दिन बाद स्कूल में पी.टी.एम्. थी, रास्ते में कहता है, पापा मोनिष्का का घर इसी रोड पर है.. शुरू में मैं इससे मजाक करता था पर फिर मैंने सोचा की इस बात को बढ़ावा नहीं देना और उसे कोई जवाब नहीं दिया..

 स्कूल पहुंचे, टीचर से मिले, उसने इसकी काफी तारीफ की| कहा की इसकी स्माइल बहुत प्यारी है, हमेशा मुस्कुराता रहता है, पहले सहमा रहता था पर अब खुद आगे होके आंसर देता है, एक्टिविटीज में पार्टिसिपेट करता है, याद भी जल्दी करता है| एक बाप इतना सुन के ही खुश हो जाता है|

हम बाहर निकले, मैंने पूछा की स्केटिंग कहाँ कराते है? इसकी माँ ने पूछा की डांस कहाँ कराते है?

ये पहले हमें डांस रूम में ले गया, फिर स्केटिंग एरिया में ले गया, अपने स्केटिंग सर से मिलाया, फिर हमें स्विमिंग पूल दिखाने ले गया, झूले दिखाए|

गर्मी बढ़ रही थी मैंने पूछा अब घर चलें? बोला की नहीं, आपको एक और चीज दिखाता हूँ|

हम लोग फिर से अन्दर गए, फिर फर्स्ट फ्लोर पर गए, फिर जब सेकंड फ्लोर चढ़ने लगे तो मैंने रोका और पूछा – कहाँ जाना है? क्या दिखाने ले जा रहे हो?

मोनिष्का की क्लास..

 

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8 thoughts on “लव स्टोरी

  1. Kya baat hai…..bhatije jin nakshe kadam pe hai us se to yahi lagta hai ki humlogon ko kuchh aur dosti ghadni hogi delhi mei..jaise lawyers, police, ward commissioners etc etc……

    Jab milunga to tasalli se expression ke sath sunuga sab fir se…

    Good going.
    CS

  2. bahu dekhi ya nahi…agaar haan to bahu kaisi lagi..naveen babu… 🙂

    agar nahi..to…tch tch.tch…!

  3. मारवाड़ी का नहीं उसे अपने पापा का जीन्स हासिल हुआ है! मुबारक!

  4. I kept on smiling after reading such a lovely story , Aryaadtiya is such a Munchkin baby . He is growing now lots of stories will be seen here . Miss him 🙂 epiyaaaaa :*

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